देश दुनिया में क्रिसमस की धूम मची हुई है । ईसा मसीह के लिए प्रार्थना सभाएं आयोजित हो रही है । यूं तो हर शहर अपने-अपने तरीके से इसे सेलिब्रेट कर रहा है, लेकिन कोलकाता के पार्क स्ट्रीट में नजारा ही कुछ और है। क्रिसमस पर इसे पूरी तरह से सजा दिया गया है। रोशनी की चकाचौंध से पूरा इलाका जगमग हो उठा है। लाखों की संख्या में लोग यहां पहुंच रहे हैं। क्रिसमस को सेलिब्रेट करने का इससे बेहतर नजारा और कहीं नहीं दिखता है । अगर हम पूर्वी भारत में बात करें तो कोलकाता की क्रिसमस शानदार होती है। वहीं अगर पूर्वोत्तर की बात करें तो मेघालय में बड़े पैमाने पर क्रिसमस मनाया जाता है। यहां देश-विदेश से भी लोग पहुंचते हैं, क्योंकि यह क्षेत्र ईसाई बहुल है इसलिए यहां बड़े पैमाने पर आयोजन होते हैं। दरअसल क्रिसमस समय के साथ किसी दायरे नहीं रह गया है ,बल्कि इसे लोग अब अपने-अपने तरीके से सेलिब्रेट कर रहे हैं। भारत जैसे देश में हमेशा से धार्मिक मामलों में लोगों की आजादी रही है । लोग अपने तरीके से अपने उत्सव व अपने धार्मिक आयोजन करते हैं और यही कारण है कि हर कोई एक दूसरे के उत्सव में शामिल होता है। अगर हम बात करें उत्तर बंगाल के चिकन नेक की तो सिलीगुड़ी के चर्चा में भव्य क्रिसमस का आयोजन होता है और लोग बड़े पैमाने पर यहां भी जमा होते हैं । प्रभु ईसा मसीह के जन्म के मौके पर इसे मनाया जाता है और यह माना जाता है कि ईसा मसीह ने मानवता के लिए जो उपदेश दिए वह हर समय काल में कारगर रहा है।

